दिव्यांग संघर्ष समिति ने दी शहीदों को श्रद्धांजली 
बारां, । दिव्यांग संधर्ष समिति की ओर से जिला चिकित्सालय के परिसर में स्थित शहीद राजमल मीणा पार्क में रविवार को श्रद्धांजली कार्यक्रम आयोजित किया गया। जिलाध्यक्ष राधेश्याम जोशी ने बताया कि कार्यक्रम में हाल ही में कश्मीर के पुलवामा में आंतकवादी हमले की कड़ी निंदा की गई। साथ ही शहीद हुए जवानों को श्रद्धांजली दी गई। साथ ही दो मिनट का मौन रखकर शहीदांे की आत्मा की शांति के लिए भगवान से प्रार्थना की गई। जिलाध्यक्ष जोशी बताया कि कार्यक्रम में अंकित राठौर, राकेश यादव, बनवारी मालव, महेश नागर, जोनी एवं विनोद साहू आदि मौजूद थे।
सतत् विकास पर दो दिवसीय अन्तर्राष्ट्रीय कांफ्रेंस का भव्य समापन
सस्टेनेबल डेवलपमेंट हेतु  अन्तर्राष्ट्रीय  दृष्टिकोण से पूर्व स्थानीय संसाधनो के दृष्टिकोण से चर्चा आवष्यक-वी.के जेटली
कांफ्रेंस से निकले निष्कर्ष कोटा के सतत् विकास एवं स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट हेतु सहायक  
कोटा। ओम कोठारी ग्रुप आॅफ इंस्टीट्यूटस में ओम कोठारी इंस्टीट्यूट एवं रिसर्च फाउन्डनेषन आॅफ इंडिया के संयुक्त तत्वाधान में दो दिवसीय 13 वी अन्तर्राष्ट्रीय कांफ्रेंस का भव्य समापन हुआ। अन्तर्राष्ट्रीय कांफ्रेंस का विषय ‘‘इन्टरनेषनल कांफ्रेंस ऑन सस्टेनेबल डेवलपमेंट थ्रू सोशल ,साइंसेज  ,मैनेजमेंट ,स्मार्ट एडुकेशन ,एग्रीकल्चर टेक्नोलॉजीज – एडवांस्ड इंजीनियरिंग ऐप्लिकेशन्स इन ग्लोबल एनवायरनमेंट‘‘ विषय पर आयोजित दो दिवसीय इन्टरनेषनल कांफ्रेंस के समापन समारोह के कीनोट स्पीकर श्रीराम रेयान्स के युनिट हेड एवं वाईस प्रेसिडेन्ट श्री वी.के जेटली एवं मुख्य अतिथि श्री आनन्दी लाल वैष्णव सचिव यूआईटी कोटा थे। कार्यक्रम की विषिष्ट अतिथि आईएसटीडी कोटा चैप्टर की चेयरपर्सन सुश्री अनिता चैहान थी। कार्यक्रम के दौरान ओम कोठारी इंस्टीट्यूटस के ग्रुप निदेशक एवं कांफ्रेंस कन्वीनर प्रो. अमित सिंह राठौड, मथुरा देवी ग्रुप आॅंफ इंस्सिटीट्यूट्स के डीन प्रो. अषोक कुमार गुप्ता, रिसर्च फाउण्डेषन के चैयरमेन डाॅं. सौरभ जैन,, प्राचार्चा डाॅ गीता गुप्ता प्राचार्या स्नेहलता धर्मावत, अन्य अतिथिगण, देष विदेष से पधारे प्रतिभागीगण एवं अन्य सम्मानितजन उपस्थित थे।
समापन समारोह की शुरूआत अतिथियों द्वारा दीप प्रज्ज्वलन से हुई। इसके पश्चात महविद्यालय परिवार की ओर से अतिथियों का पुष्पगुच्छ एवं स्मृति चिन्ह भेट कर स्वागत किया गया। इसके पष्चात् प्राचार्या  डाॅ गीता गुप्ता ने दो दिनो के दौरान प्रस्तुत पेपर्स का सार प्रस्तुत किया। इन दो दिनो में लोकमत निर्माण हेतु मीडिया पोषक या शोषक, वैष्विकरण में व्यवसाय की भूमिका, महिलाओ में नेतृत्व शक्ति, जीएसटी का रिटेल सेक्टर पर प्रभाव, तनाव प्रबन्धन, कस्टमर पर्चेस बिहेवियर, लाइब्रेरी पर गूगल का प्रभाव, ग्रीन मार्केटिंग, हेरिटेज मेनेजमेन्ट, विष्व श्रम संगठन में अनआॅर्गेनाइज्ड फीमेल लेबर की दषा, सोलिड वेस्ट मेनेजमेन्ट, डिजीटल, स्वच्छ भारत अभियान, ई वेस्ट मेनेजमेन्ट, सेक्षुअल हेरस्मेन्ट एट वर्क प्लेस, भित्ति चित्रो में देवी अंकन, महिला सषक्तिकरण, विद्युत ऊर्जा, प्रबन्धन एवं उन्नत ईन्जिनियरिंग अनुप्रयोग आदि महत्वपूर्ण विंषयो पर पेपर प्रस्तुत किये गये। प्रतिभागीयो ने  सस्टेनेबल डेवलपमेंट की ग्लोबल आवष्यकता के साथ कोटा के संर्दभ में ग्रीन मार्केटिंग, वेस्ट मेनेजमेन्ट, जैसे विषयो पर अपने शोध के माध्यम से नया दृष्टिकोण प्रस्तुत किया। कोटा के  स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट को सफल बनाने हेतु एवं सतत् विकास के लिए ये निष्कर्ष अत्यन्त महत्वपूर्ण सिद्ध होगे।
कार्यक्रम के दौरान कीनोट स्पीकर श्री वी.के. जेटली ने सभी को सम्बोधित करते हुऐ कहा कि सस्टेनेबल डेवलपमेंट के अन्तर्राष्टीय दृष्टिकोण पर चर्चा से पूर्व स्थानीय संसाधनो हेतु चर्चा होनी चाहिए। उन्होने प्रोटक्ट, सर्विस, ऐन्वायरमेन्ट, एवं ह्युमन रिसोर्स जैसे विभिन्न आयामो को लेते हुऐ रोचक उदाहरणो के माध्यम से सस्टेनेबल डेवलपमेंट की आवष्यकता एवं तरीको पर प्रकाष डाला। श्री वी.के. जेटली ने कहा कि आवष्यक है कि सस्टेनेबल डेवलपमेंट के प्रयासो की शुरूआत स्वयं से होनी चाहिए। उन्होने श्री राम रेयान्स में सस्टेनेबल डेवलपमेंट हेतु उनके द्वारा किये गये प्रयासो के माध्यम से सभी उपस्थित जनो को इस दिषा में अपना सहयोग देने हेतु प्रेरित किया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि श्री आनन्दी लाल वैष्णव ने उपस्थित जनो को सम्बोधित किया। उन्होने इस अन्तर्राष्ट्रीय कांफ्रेंस द्वारा शोध के क्षेत्र में उठाये गये कदम की भूरि-भूरि सराहना की। उन्होने कहा कि शोध ही समस्याओ के समाधान हेतु सही राह दिखाती है। सस्टेनेबल डेवलपमेंट आज के युग की महती आवष्यकता है। उन्होने आषा व्यक्त की कि ऐसे प्रयास निरन्तर चलते रहने चाहिए

जे.के. गोली कांड के शहीदों की कुर्बानी व्यर्थ नहीं जाएगी

व्यापक एकता व संघर्ष के रास्ते पर चल कर ही जीत सकता है मजदूर व किसान-का.टी.एन. तिवारी

 

कोटा। ए.आई.सी.टी.यू. की राज्य शाखा राजस्थान ट्रेड यूनियन केन्द्र की डिविजल कमेटी कोटा द्वारा आयोजित जे.के. गोली कांड में शहीद हुए 8 श्रमिक साथियों की याद में हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी छावनी स्थित यूनियन कार्यालय पर परमेन्द्र नाथ ढण्डा स्मृति भवन से रैली रवाना हुई। रैली में भारी संख्या में मजदूर व कर्मचारी उपस्थित होकर भाग लिया।

 

रैली जे.के. गेट स्थित शहीद स्मारक पर पहुंच कर श्र(ांजली सभा में बदल गई।  श्र(ांजली  सभा में जे.के. ओ.पी.सी. गोपाल मील के सैकड़ों श्रमिकों के साथ ही जे.के. कोलोनी के श्रमिक व उनके परिवारजन भी शामिल हुए ।

 

रैली का नेतृत्व यूनियन के केन्द्रिय कमेटी सम्भागीय प्रदेश सचिव टी.एन. तिवारी, अध्यक्ष का. राजेन्द्र दीक्षित, डिविजनल कमेटी के पदाधिकारी का. बाबू सिंह, का. सूर्यकान्त शर्मा, का. हरेन्द्र प्रसाद, का. रामप्रकाश तिवारी, का. मोतीलाल, का. फतेह सिंह, का. गणेशलाल, का. भरत कुमार, का. छोटेलाल, का. रमाकान्त, का. दिनेश जोशी व दिवंगत का, परमेन्द्र नाथ दण्डा के सुपुत्र पावेल दण्डा, आदि ने किया ।

 

श्रद्वाजंली सभा की अध्यक्षता का. राजेन्द्र दीक्षित व का. बाबूसिंह तथा संचालन का. सूर्यकान्त शर्मा ने  किया। मुख्य वक्ता यूनियन के केन्द्रीय कमेटी के सदस्य प्रदेश सचिव एवं सम्भागीय महासचिव का. टी.एन.तिवारी ने जे.के. गोलीकांड में शहीद 8 श्रमिक साथियों के साथ ही पुलवामा हमले में शहीद हुए जवानों, देश दुनियां में शहीद हुए अमर शहीदों को केन्द्र राज्य व डिविजनल कमेटी की ओर से श्रद्वाजंली अर्पित करते हुए कहा कि व्यापक एकता व संघर्ष के रास्ते पर चलकर ही मजदूर, किसान, जवान, मेहनतकस जनता अपने अधिकारों को हासिल कर सकती है। उन्होने जे.के. ओ.पी.सी. आदि बन्द उद्योगों के श्रमिको व कर्मचारियों के मामले में चल रही कार्यवाहियों की विस्तुत जानकारी भी श्रमिकों को दी  ओर कहा कि समय आ गया है देश व प्रदेश का मजदूर, किसान एक जुट हो। ओर सच्ची आजादी प्राप्त करने की दिशा में आगे बढे यही शहीदों को सच्ची श्रद्वाजंली होगी ।

 

सभा के अन्त में सभी श्रमिकों ने दो मिनिट का मौन रखकर शहीदों को श्रद्वाजंली अर्पित किए ।

पूर्व सीएम वसुंधराराजे शहीद के परिजनों को ढांढस बंधाया, समाधी स्थल पहुंचकर दी श्रद्धंजलि

सांगोद जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में आतंकी हमले में शहीद हुए हेमराज मीणा के गांव विनोद कलां में राज्य की पूर्व सीएम व भाजपा की राष्ट्रीय उपाध्यक्ष वसुंधरा राजे विनोदकलां गांव पहुंची। जहां राजे ने इस दुख के समय में शहीद के परिजनों से बातचीत कर ढांढस बंधाते हुए, शहीद के परिजनों को हरसंभव मदद करने का भरोसा दिया।

इससे पूर्व राजे हेलीकॉप्टर से सांगोद पहुंची। सांगोद में मेला परिसर में बने हेलीपैड पर बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ताओं ने राजे की अगवानी की। यहां से सड़क मार्ग होते हुए राजे का काफिला विनोद कला गांव पहुंचा। उन्होंने शहीद हेमराज मीणा के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित की एवं वीरांगना मधुबाला एवं शहीद के पिता माता एवं अन्य परिजनों से चर्चा की । करीब 10 मिनिट परिजनों के बीच रुकी पूर्व मुख्यमंत्री राजे की आंखें भी एक बार तो परिजनों का दुख दर्द देख कर भर आई। यहां मौजूद शहीद हेमराज के छोटे पुत्र ऋषभ ने पाकिस्तान मुर्दाबाद और हेमराज मीणा अमर रहे के नारे लगाकर अपने साहस को दिखाया। वीरांगना मधुबाला ने भी  अपना दुख भूल कर भारत माता की जय के नारों से अपना दुख प्रकट किया।  परिजनों को सांत्वना देने के बाद राजे विनोदकला गांव में उजाड़ नदी के समीप शहीद के अंत्येष्टि स्थल पर पहुंची और पुष्प चक्र अर्पित किया।

यह रखी मांग

इस मौके पर परिजनों ने भी सांगोद में कुंदनपुर तिराहे पर शहीद की प्रतिमा लगाने,विनोद कला में अंत्येष्टि स्थल पर स्मारक बनान, विनोद कला प्राथमिक स्कूल को क्रमोन्नत करने आदि मांगे रखी। जिन्हें पूर्व मुख्यमंत्री ने हर संभव मदद का परिजनों को आश्वासन दिया।

ओडीएफ पंचायत में कबाड़ बने है शौचालय

कहने को तो अब तक कस्बे की पंचायत को ओडीएफ बना दिया गया है, पर दावे और हकीकत में जमीन-आसमान का फर्क है कागजों में ओडीएफ होने का मतलब यही है कि इन पंचायतों के लोग अब खुले में शौच नहीं जा रहे, पर ये महज कागजी बाते हैं, हकीकत इसके उलट है। ओडीएफ का आंखों देखा सच जानने के लिए गोदल्याहेड़ी पंचायत काफी है यह पंचायत कागजों में कब की ओडीएफ हो चुकी है, हकीकत यह है कि आज भी आधे से ज्यादा गांव वाले खुले में शौच जाते हैं, यकीन नहीं हो तो गांव के रास्ते ही इसका सबूत दे देंगे गांव में जो शौचालय बने हैं वे आधे-अधूरे हैं जो इस्तेमाल की हालत में नहीं हैं, किसी में सीट नहीं है तो किसी में सीट उल्टी लगी है, किसी पर पटिट्यां नहीं हैं। इन शौचालयों में लोगों ने सरकंडे और कबाड़ भर रखे हैं स्वच्छ भारत मिशन के तहत ग्राम पंचायतों प्रसासन द्वारा लोगो को खुले में शौच न जाने के आइए प्रेरित किया था और सरकार की ओर से शौचालय बनाने पर 12 हजार रुपए। का अनुदान भी दिया गया लेकिन अनुदान मिलने के बाद शौचालय कबाड़ बना दिये है जानकारी के मुताबिक ग्रामीणों ने बताया कि किसी शौचालय में सीट नहीं है तो किसी में उल्टी लगा दी। किसी में पट्टियां नहीं लगाई तो किसी में कुछ और काम अधूरा है। हालत यह है कि किसी भी हाल में ये शौचालय इस्तेमाल लायक नहीं हैं तथा लोगो ने पैसा उठाने के बाद अब बाहर ही शौच करने जाते है ग्राम सचिव कमलेश प्रजापति से इस बारे में बात की तो उन्होंने बताया कि शौचालयों का निरीक्षण करेंगे तथा बाहर शौच जाने से मना करेंगे