लायनेस क्लब ने कस्तूरबा बालिका छात्रावास में फूलों के गहने व सलाद प्रतियोगिता की

बारां। लायनेस क्लब की सदस्याओं की ओर से कस्तूरबा बालिका छात्रावास में विभिन्न प्रतियोगिताएं आयोजित की गई। लायनेस क्लब अध्यक्ष निषा साबू व सचिव बृजबाला कासठ ने बताया कि लायनेस क्लब ने कस्तूरबा बालिका छात्रावास में पहुंचकर छात्रावास की लगभग 100 बालिकाओं को भोजन करवाया। इसके बाद बालिकाओं के साथ फुलों के गहने व सलाद सजाओ प्रतियोगिता करवाई गई। इसमें छात्रावास की सभी लडकियों ने भाग लिया। प्रतियोगिताओं में प्रथम, द्वितीय व तृतीय स्थान पर रहने वाली बालिकाओं को क्लब की ओर से पुरस्कार दिए गए। कार्यक्रम में अध्यक्ष निषा साबू, सचिव बृजबाला कासट, कोशाध्यक्ष योगेष्वरी षर्मा, सदस्य चंद्रकला सेठी, मंजूला जालान, सुषीला बरदानियां, षकुंतला टांेग्या, उर्मिला गर्ग, गीता खंडेलवाल, सरिता, अंगुरबाला, ष्यामा अग्रवाल आदि षामिल थी।

जिला निर्वाचन अधिकारी ने मास्टर ट्रेनर प्रशिक्षण कार्यक्रम में दिए निर्देश

बारां। जिला निर्वाचन अधिकारी व कलक्टर इन्द्रसिंह राव ने कहा कि किसी भी चुनाव में मतदान दिवस महत्वपूर्ण होता है और इस दिन समस्त कार्य संवेदनशील होकर सजगता से पूर्ण किए जाने चाहिए।

श्री राव मिनी सचिवालय सभागार में आगामी लोकसभा चुनाव 2019 के तहत मास्टर ट्रेनर के प्रशिक्षण कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने बताया कि वे गुजरात, झारखंड एवं छत्तीसगढ़ में बतौर चुनाव पर्यवेक्षक सेवाएं दे चुके हैं और मतदान दिवस पर मोक पोल, पोल समाप्त होने पर क्लोज बटन नहीं दबाने, ईवीएम, वीवीपेट मशीन का कनेक्शन लूज रहने से मशीन में खराबी आने जैसी समस्याओं को देखा है इस सभी समस्याओं को सजग रहकर दूर किया जा सकता है। साथ ही उन्होंने कहा कि चुनाव से पूर्व मास्टर ट्रेनर प्रशिक्षण प्राप्त कर अन्य चुनाव कर्मचारियों को जागरूक करेंगे और शांतिपूर्ण व निर्बाध चुनाव में सहायक बनेंगे। इस मौके पर मतदान दलों को ऑनलाईन पेमेन्ट, चुनाव में अधिग्रहण किए जाने वाले वाहनों को ऑनलाईन भुगतान, पोलिंग पार्टी का बैग सीधे बीएलओ को पहुंचाने आदि के संबंध में जानकारी दी गई। इस अवसर पर कोषाधिकारी धीरज कुमार सोनी, मास्टर ट्रेनर, प्रशिक्षणकर्ता आदि मौजूद थे।

जिला कलक्टर की सहरिया क्षेत्र के लिए पहल 

चिकित्सा सुविधाओं के विस्तार हेतु 11 लाख 52 हजार रूपए की राशि आवंटित

बारां। जिले के सहरिया बाहुल्य किशनगंज और शाहबाद क्षेत्र के लिए जिला कलक्टर इन्द्रसिंह राव प्रयास से जनजाति कल्याण निधि मद से क्षेत्र में चिकित्सा सेवाओं के विस्तार हेतु 11 लाख 52 हजार रूपए की राशि आवंटित हुई है।

कलक्टर श्री राव के अनुसार जिले के सहरिया बाहुल्य क्षेत्र किशनगंज-शाहबाद के बैंटा, राजपुर उपरेटी, आगर, पठारी, पुरेनी, शुभधरा, मण्डी सहजना, महोदरा, रातईखुर्द, बांसथूनी, पिंजना, पीपल्दा कलां और सिमलोद के स्वास्थ्य केन्द्रों के लिए प्रसाविका और जीएनएम की सेवाएं उपलब्ध करवाने के लिए एक वर्ष की अवधि के लिए 11 लाख 52 हजार रूपये की राशि जनजाति कल्याण निधि मद से आवंटित करवाई गई हैै। यह राशि मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, बारां को उक्त स्थानों पर प्रशिक्षित स्वास्थ्यकर्मी नियुक्त करने के लिए उपलब्ध करवाई गई है जिससे एक वर्ष के लिए उक्त स्थानों के उपस्वास्थ्य केन्द्रों पर प्रशिक्षित नर्सकर्मियों की सुविधा उपलब्ध करवाई जाएगी जिससे वंचित समुदाय के लिए समुचित इलाज की व्यवस्था की जा सकेगी।

नन्हीं बालिका के जीवन में आई खुशियां, विदेष में मिला नया परिवार

झालावाड़ । राजकीय सम्प्रेक्षण एवं किशोर गृह झालावाड़ में पल रही एक वर्ष सात माह की बालिका (परिवर्तित नाम) सपना जो लावारिस हालात में एस आर जी चिकित्सालय परिसर के बाहर मिली थी उसे अब विदेश में एक नया परिवार मिला है। जिससे उसके जीवन में खुशियां ही खुशियां मिलेगी।

सामाजिक न्याय एवं आधिकारिता विभाग के सहायक निदेशक एवं अधीक्षक गौरीशंकर मीना ने बताया कि इटली से आए दम्पती (परिवर्तित नाम) मार्केण्ड फ्यूज व समूला बेरेना बालिका को गोद लेने के लिए शिशुगृह पहुंचे। बालिका को केन्द्रीय दत्तक ग्रहण एजेंसी (कारा) के माध्यम से गोद देने संबंधी प्रक्रिया विभाग द्वारा पूर्ण करने के पश्चात् ही सपना को विदेश में नए परिवार के साथ रहने का अवसर मिला है।

उल्लेखनीय है कि 19 जुलाई, 2017 को नवजात बालिका राजकीय एस आर जी अस्पताल की बिल्डिंग के बाहर लावारिस अवस्था में मिली थी। उस समय उसका स्वास्थ्य ठीक नहीं था और उसका वजन भी लगभग 900 ग्राम था। इसके पश्चात बालिका का राजकीय जनाना अस्पताल के एनआईसीयू में उपचार किया गया। बालिका के स्वस्थ होने के पश्चात् बाल कल्याण समिति द्वारा बालिका को शिशु गृह में प्रवेश दिया गया। शिशु गृह में बालिका की देखरेख मैनेजर कार्डिनेटर विष्णु कुमार एवं शिशु गृह की सोश्यल वर्कर, आया, मेल नर्स द्वारा की गई।

बालिका को सौंपने के दौरान बाल कल्याण समिति के अध्यक्ष मुकेश उपाध्याय, सहायक निदेशक सूचना एंव जनसम्पर्क हेमन्त सिंह सहित संबंधित कार्मिक मौजूद रहे।

एनएचएम संविदा कार्मिकों के सामूहिक अवकाष पर 

चले जाने से स्वास्थ्य सेवाएं चरमराई

कोटा । चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग में चल रहे राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिषन (एनएचएम) में कार्यरत संविदा कार्मिकों के एक साथ प्रदेषव्यापी सामूहिक अवकाष पर चले जाने से जिले में स्वास्थ्य सेवाएं चरमरा गई। एनएचएम गतिविधियांे समेत मौसमी बीमारियां स्वाइन फल्यू, डेंगू आदि की रोकथाम और उसकी रिपोर्टिंग से जुड़े काम बुरी तरह प्रभावित हुए। सीएमएचओ कार्यालय समेत ब्लॉक एवं विभाग के अन्य कार्यालय व चिकित्सा संस्थान सूने रहे। वहीं, मिशन के तहत संचालित मातृ एवं षिषु स्वास्थ्य सेवाओं समेत टीबी, तंबाकू, एनसीडी, शहरी स्वास्थ्य मिशन, आशा, आरबीएसके, आयुष कार्यक्रम सहित तमाम विभागीय कार्यक्रम व योजनाओं के लाभार्थी प्रभावित हो रहे हैं। इन कार्यक्रमों और योजनाओं के प्रचार-प्रसार, रिर्पोटिंग, सूचनाएं और भुगतान संबधी काम अटक गए और विभाग की बैठकें, कैंप और प्रशिक्षण कार्यक्रमों तक को भी निरस्त करना पडा।  संविदा कार्मिक नियमितिकरण लॉयल्टी बोनस, वेतन विसंगति समेत अन्य मांगों को लेकर मंगलवार से सामूहिक अवकाष पर हैं। संविदा कार्मिकों ने मंगलवार को भी मंुख्यमंत्री के नाम यूडीएच मंत्री शान्ति धारीवाल, लाडपुरा विधायक कल्पना देवी, एडीएम प्रषासन वासूदेव मालावत को अपनी इन मांगों और सरकार को नियमितिकरण का अपना वादा निभाने के लिए अवगत कराने का ज्ञापन सौंपा। तथा कलेक्टेट के बाहर धरना दिया। संविदा कार्मिकों का कहना है कि कॉंग्रेस पार्टी ने विधान सभा आम चुनाव 2018 से पूर्व अपने घोंषणा पत्र में साफ शब्दों में एनएचएम संविदा कार्मिकों को नियमित करने का वादा किया था जिसे सत्ता में आने के बाद ढूल-मूल रवैया अपनाया जा रहा हैं। संविदा कार्मिकों को नियमितिकरण के नाम पर कमेटी, सब कमेटी बनाकर मामले को जानबूझकर लम्बा खींचा जा रहा है व नियमित करने की दिषा में कोई ठोस कदम नही उठाए जा रहे। साथ ही केंद्र सरकार द्वारा संविदा कार्मिकों के लिए स्वीकृत लॉयल्टी बॉनस के भुगतान का मामला भी राज्य सरकार ने लटका रखा है।