मुंबई में कोरोना के बढ़ते मामलों को नियंत्रण में लाने के लिए बीएमसी (BMC) ने अब घर-घर जाकर कोरोना जांच करने का फैसला किया है।

0
93

मुंबई
मुंबई में कोरोना के बढ़ते मामलों को नियंत्रण में लाने के लिए बीएमसी (BMC) ने अब घर-घर जाकर कोरोना जांच करने का फैसला किया है। फिलहाल यह जांच कंटेनमेंट इलाके में जाकर की जाएगी। बीएमसी उन सभी इमारतों में अपने कर्मचारियों को भेजेगी जिनमें कोरोना के संक्रमित मरीज हैं। बीएमसी उनकी आरटी-पीसीआर जांच करेगी। प्रशासन को उम्मीद है कि इस कदम से कोरोना को रोकने में काफी फायदा मिलेगा। लोगों के बाहर जाने की रोक
जानकारी के मुताबिक जिन इलाकों की इमारतों में कोरोना के मरीज पाए जा रहे हैं। वहां बीएमसी के संबंधित वार्ड अधिकारियों को अलर्ट किया जा रहा है। साथ ही लोगों के घर से बाहर जाने पर भी पाबंदी लगाई गई है। मनपा इन्हीं इलाकों में टारगेट करके लोगों की जांच करेगी। यह पहली मर्तबा होगा जब बीएमसी के स्वास्थ्य कर्मचारी लोगों के दरवाजे पर जाकर कोरोना की जांच करेंगे। बीएमसी हेल्थ कमेटी चेयरमैन प्रवीणा मोरजकर के मुताबिक डीएम से हर संभव प्रयास कर रही हैं ताकि कुरौना को फैलने से रोका जा सके। 82 फीसदी मरीज बिना लक्षण के
प्रवीणा मोरजकर के मुताबिक मुंबई में 82 फ़ीसदी मरीज ऐसे पाया जा रहे हैं जिनमे कोरोना के लक्षण नजर नहीं आ रहे हैं। ऐसे में पॉजिटिव व्यक्ति को बीमारी का पता भी नहीं चलता है। इसी प्रकार कोरोना एक-दूसरे से फैलता चला जा रहा है। बीएमसी की इस पहल के बाद कोरोना का संक्रमण दूसरे लोगों को अपनी चपेट में नहीं ले पाएगा। जब कोरोना संक्रमित मरीज अपने घर से बाहर ही नहीं निकलेगा तो कोरोना फैलने का खतरा काफी कम हो जाएगा।
राज्य में बढ़ रहा है कोरोना का खतरा
महाराष्ट्र कोरोना (Maharashtra Corona Cases) का खतरा जस का तस बना हुआ है। राज्य में बीते 24 घंटों में 8333 नए कोरोना मरीज पाए गए हैं जबकि 48 लोगों की मौत हुई है। वहीं मुंबई में भी 1035 नए कोरोना के मरीज सामने आए हैं जबकि 3 लोगों की मौत हुई है। राज्य में अब कुल मरीजों की संख्या 21, 38,154 तक पहुंच चुकी है। राज्य में अब तक कुल मरीजों की मौत का आंकड़ा 52041 तक पहुंच चुका है वहीं मुंबई में अब तक कुल 11466 मरीजों की मौत हुई है।