संवादसूत्र, संबलपुर;- पड़ोसी बरगढ़ जिला के पदमपुर उपकारा में शनिवार के दिन कोरोना संक्रमण के 83 मामले सामने आने के बाद जेल प्रशासन और जिला प्रशासन की चिंता बढ़ गई है।

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संवादसूत्र, संबलपुर : पड़ोसी बरगढ़ जिला के पदमपुर उपकारा में शनिवार के दिन कोरोना संक्रमण के 83 मामले सामने आने के बाद जेल प्रशासन और जिला प्रशासन की चिंता बढ़ गई है। इन संक्रमितों में से पाच को इलाज के लिए निकटस्थ कोविड केयर सेंटर में भर्ती कराया गया है। इन पाच संक्रमितों में से एक को ऑक्सीजन लगानी पड़ी थी। वर्तमान समस्त संक्रमितों की हालत ठीक बताई गई है।
पदमपुर उपसंभागीय चिकित्साधिकारी डा. तहसील साहू के अनुसार, शुक्रवार को पदमपुर उपकारा में बंद 124 कैदियों और उपकारा के 8 कर्मचारियों का कोरोना टेस्ट कराया गया था। इनमें से 83 की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। पॉजिटिव पाए गए संक्रमितों में से पाच की हालत को देखते हुए उन्हें बेहतर इलाज के लिए कोविड केयर सेंटर स्थानातरित किया गया है, जबकि अन्य 78 का इलाज उपकारा के आइसोलेशन वार्ड में किया जा रहा है।
शनिवार को पदमपुर उपजिलाधीश त्रिलोचन पात्र, पदमपुर एसडीपीओ प्रदीप कुमार साहू, उपसंभागीय चिकित्साधिकारी डॉ. तहसील साहू और पदमपुर थानेदार राजेंद्र सियाल ने उपकारा का दौरा करने समेत संक्रमितों का हालचाल जाना। कोविड हॉस्पिटल से गायब संक्रमित दो दिन बाद पकड़ाया : स्थानीय जिला अस्पताल स्थित अश्विनी कोविड हॉस्पिटल से 20 मई के अपरान्ह से कहीं गायब एक संक्रमित को शनिवार को धनुपाली इलाके से पकड़ लिया गया। उसे दोबारा इलाज के लिए कोविड हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया। खबर है कि शनिवार की शाम उसका बेटा उसे अपनी जिम्मेदारी और निगरानी में अपने साथ लेकर वापस देवगढ़ लौट गया है। कोविड हॉस्पिटल से इस संक्रमित के गायब हो जाने और दो दिनों तक उसके शहर में जहा-तहा घूमने को लेकर सवाल खड़ा हो गया है। ऐसे में, उसके संपर्क में आए लोगों में संक्रमण की आशका भी की जा रही है।
देवगढ़ जिला के रियामाल ब्लॉक इलाके के एक व्यक्ति को कोरोना संक्रमित होने के बाद पहले उसे देवगढ़ कोविड हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया था। मई 18 की शाम उसे देवगढ़ से बुर्ला स्थित कोविड हॉस्पिटल स्थानातरित किया गया था। लेकिन एंबुलेंस चालक गलती से उसे संबलपुर स्थित अश्विनी कोविड हॉस्पिटल ले आया था। मई 19 और 20 की सुबह उसका पुत्र देवगढ़ से संबलपुर आया था और पिता के स्वास्थ्य के बारे में जानने के बाद सुरक्षाकर्मियों के हाथ अपने पिता के लिए भोजन और फल भिजवाया था। 20 मई की शाम को अश्विनी कोविड हॉस्पिटल की ओर से पुत्र को उसके पिता के कहीं गायब हो जाने की सूचना दी गई। पिता के गायब हो जाने की सूचना मिलने के बाद पुत्र उनकी तलाश में जुट गया। संबलपुर में रहने वाले अपने रिश्तेदारों और परिचितों से भी सहयोग करने को कहा। बताते हैं कि इसी दौरान उसे अपने बड़े भाई की मौत की खबर मिली। उसका बड़ा भाई कोरोना संक्रमित होने के बाद देवगढ़ के एक प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती था। बड़े भाई की मौत की खबर के बाद वह अपने गाव लौट गया था।
बताते हैं कि उसके रिश्तेदार और परिचित भी कोविड हॉस्पिटल से गायब पिता की तलाश कर रहे थे। शनिवार के पूर्वान्ह पिता को धनुपाली इलाके में घूमते देख उसके पुत्र और धनुपाली पुलिस को सूचित किया गया। तब धनुपाली पुलिस ने कोरोना संक्रमित पिता को पकड़कर दोबारा कोविड हॉस्पिटल में भर्ती कराया। पिता के मिल जाने की खबर के बाद पुत्र शनिवार की शाम संबलपुर पहुंचा और अपनी जिम्मेदारी पर पिता को अपने साथ लेकर देवगढ़ लौट गया ।