सिलीगुड़ी, यूनेस्को वर्ल्ड हेरिटेज दर्जा प्राप्त दार्जिलिंग हिमालयन रेलवे के तहत चलाई जाने वाली विश्व प्रसिद्ध ट्रेन सेवा फिर से शुरु किए जाने की संभावना बढ़ गई

0
144

सिलीगुड़ी, यूनेस्को वर्ल्ड हेरिटेज दर्जा प्राप्त दार्जिलिंग हिमालयन रेलवे के तहत चलाई जाने वाली विश्व प्रसिद्ध ट्रेन सेवा फिर से शुरु किए जाने की संभावना बढ़ गई है। डीएचआर के निरीक्षण के लिए एनएफ रेलवे के जीएम संजीव राय नौ नवंबर सोमवार को सिलीगुड़ी जा रहे हैं मिली जानकारी के अनुसार वह सड़क मार्ग से डीएचआर के निरीक्षण के लिए दार्जिलिंग जाएंगे।
एनएफ रेलवे आधिकारिक सूत्रों द्वारा मिली जानकारी के अनुसार कोरोनावायरस महामारी का प्रकोप शुरु होने के बाद पहली बार एनएफ रेलवे के जीएम दार्जीलिंग पार्वत्य क्षेत्र में डीएचआर के निरीक्षण के लिए जाएंगे। बताया गया कि जीएम सिलीगुड़ी जंक्शन से लेकर सुकना डीएचआर स्टेशन तीन धारिया डीएचआर स्टेशन तथा वर्कशॉप समेत कर्सियांग, घूम तथा तथा दार्जीलिंग तक डीएचआर सेक्शन का दौरा कर गहन निरीक्षण करेंगे तथा रेलवे अधिकारियों के साथ बैठक करेंगे।
इधर एनएफ रेलवे के जीएम के निरीक्षण से पहले शनिवार को कटिहार डिवीजन के डीआरएम रविंद्र कुमार वर्मा ने डीएचआर की स्थिति का जायजा लेने के लिए दार्जिलिंग के लिए रवाना हुए। इस मौके पर उन्होंने संवाददाताओं से बातें करते हुए कहा कि दार्जिलिंग हिमालयन रेलवे की संपत्ति है डीएचआर ट्रैक स्थिति क्या है बारिश के मौसम में कहां-कहां लैंडस्लाइड हुआ था, ट्रैक को कोई नुकसान तो नहीं हुआ है, इन सब परिस्थितियों का जायजा लेने के लिए जीएम का दौरा होने वाला है। उन्होंने ट्वॉय ट्रेन सेवा शुरु किए जाने के संबंध में पूछे गए सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि हम लोग क्या करें सेवा शुरु करने के लिए पूरी तरह से तैयार हैं इसके लिए जिला प्रशासन से अनुमति मांगी गई है जैसे ही अनुमति प्रदान होती है ट्वॉय ट्रेन की कुछ सेवाएं शुरू कर दी जाएंगी। मिली जानकारी के अनुसार ट्रैक के निरीक्षण के लिए बीच-बीच में ट्वॉय ट्रेन का ट्रायल रन भी किया जाता है।
सितंबर महीने में एक ट्रायल रन सिलीगुड़ी से तीनधरिया तक तथा एक ट्रायल रन दार्जिलिंग से घूम तक किया गया था। अक्टूबर महीने भी ट्रायल रन किया गया था। उल्लेखनीय है कि कोरोना वायरस महामारी का दौर शुरू होने के बाद केंद्र सरकार द्वारा लागू देश व्यापी लॉकडाउन के मद्देनजर अन्य ट्रेनों के साथ ट्वॉय ट्रेन सेवा भी 25 मार्च से ठप कर दी गई थी। हालांकि लॉकडाउन खत्म होने तथा 21 मई से अनलॉक शुरू होने के बाद के लगभग पांच सौ स्पेशल पैसेंजर ट्रेन सेवा तो शुरु की दी गई, लेकिन पर्यटन बंद होने ट्वॉय ट्रेन सेवा शुरु नहीं सकी थी।
अब जब पर्यटन का चालू करने की अनुमति सरकार द्वारा दी गई है, तो ट्वॉय ट्रेन सेवा भी शुरु करने की पहल की जा रही है। डीएचआर सूत्रों द्वारा मिली जानकारी के अनुसार ट्वॉय ट्रेन सेवा ठप होने से डीएचआर को अब तक छह से सात करोड़ रुपये ज्यादा के राजस्व का नुकसान उठाना पड़ा है। वहीं इसके रख-रखाव में हर महीने लगभग डेढ़ करोड़ रुपये खर्च हो रहे हैं।(UNA)