27 फरवरी को गांधी मैदान आने का आह्वान किया कन्हैया कुमार

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पटना,22 फरवरी.आज जेएनयू छात्र संघ के पूर्व अध्यक्ष कन्हैया कुमार दीघा पहुंचे. यहां के दीघा न्यू कॉलोनी के सामने संविधान बचाओ,देश बचाओ के सिलसिले में सीएए,एनआरसी और एनपीआर के विरूद्ध में 19 जनवरी,2020 से बेमियादी धरना और प्रदर्शन जारी है.यहां पर कन्हैया कुमार ने अपने संबोधन में लोगों को 27 फरवरी को गांधी मैदान में होने वाले संविधान बचाओ, नागरिकता बचाओ रैली में आने का आह्वान किया.उन्होंने चेतावनी लहजे में कहा कि एनपीआर, एनआरसी व सीएए के खिलाफ  नीतीश सरकार विधानसभा में प्रस्ताव पारित करे. अन्यथा गांधी के तर्ज पर आंदोलन के लिए तैयार रहे.

नागरिकता संशोधन कानून (सीएए),एनआरपी और एनआरसी के खिलाफ बिहार में ‘जन-गण-मन’ यात्रा पर हैं

जेएनयू छात्र संघ के पूर्व अध्यक्ष कन्हैया कुमार एक महीने तक होने वाली जन-गण-मन’ यात्रा की शुरुआत 30 जनवरी को बिहार के बेतिया से हुई है. यात्रा के दौरान बिहार के लगभग सभी प्रमुख शहरों में पहुंच रहे हैं. 3900 किलोमीटर की यात्रा में करीब 50 सभाएं करेंगे. उनकी यह यात्रा 29 फरवरी को समाप्त होगी. आज दीघा न्यू कॉलोनी के सामने संविधान बचाओ,देश बचाओ के सिलसिले में सीएए,एनआरसी और एनपीआर के विरूद्ध में 19 जनवरी,2020 से बेमियादी धरना और प्रदर्शन पहुंचे. इस दौरान धरनार्थियों को संबोधित करते कन्हैया ने केंद्र की सरकार पर हमलावर रहे. कन्हैया एनपीआर, एनआरसी और सीएए को संविधान और गरीब विरोधी बता रहे हैं. उनका कहना है कि ये सारे कानून देश को तोड़ने का काम कर रहे हैं.

एनआरसी से सभी वर्ग के गरीबों को होगी समस्या

घुसपैठियों के नाम पर गरीबों को परेशान करने एवं संपत्ति हथियाने का साजिश है.एनआरसी से सभी वर्ग के गरीबों को समस्या होगी. एनआरसी देश के गरीबों से नागरिकता छीनने की एक साजिश है.धर्म के नाम पर लोगों को भड़का कर मुद्दे से भटकाने की कोशिश हो रही है. कन्हैया ने कहा कि हमारे पूर्वजों ने अंग्रेजों के खिलाफ लड़ाई लड़ी थी, हम दिल्ली की गद्दी पर बैठे देश के लुटेरों के खिलाफ लड़ाई लड़ रहे हैं.कहा कि देश के लोग मूलभूत समस्याओं से जूझ रहे हैं। किसान आत्महत्या करने पर विवश हैं। वहीं केंद्र सरकार सभी सरकारी संस्थानों को बेचने में लगी है। बिहार की चर्चा करते हुए कहा कि बिहार की सबसे बड़ी समस्या पलायन है। बिहार के लोग बड़ी संख्या में रोजी रोजगार के लिए पलायन करते हैं. कन्हैया ने आगामी 27 फरवरी को पटना के गांधी मैदान में प्रस्तावित ‘संविधान बचाओ नागरिकता बचाओ’ महारैली में शामिल होने और एकता की मिसाल पेश करने का आह्वान किया.

27 को पटना के गांधी मैदान में होगी ऐतिहासिक महारैली

संविधान बचाओ, नागरिकता बचाओ रैली के 27 फरवरी को गांधी मैदान में ऐतिहासिक महारैली होगी. इसमें पांच लाख से अधिक लोग आयेंगे. आपलोग तो पैदल ही आ सकते है.आपकी उपस्थिति से ही गांधी मैदान भर जाएगा.इस महारैली से दूसरे अंग्रेज शासकों को जोड़ का धक्का लगेगा.उन्होंने कहा कि जन-गण-मन यात्रा राजनीतिक यात्रा नहीं थी. हम देशभर में कहीं भी कट्टरपंथियों के समर्थन में नहीं है. देश हमारा है. हम सिर्फ इस काले कानून के विरोध में यात्रा की है, जिसके आक्रोश में देशभर में प्रदर्शन हो रहे है. उन्होंने कहा कि अगर बिहार के विकास और संविधान बचाना है तो इस मुद्दे पर सब को मिलकर लड़ना होगा, तो बहुत बेहतर होगा.यात्रा के दौरान 9 जिलों में मुझ पर हुआ.बाकी जिलों में शांतिपूर्वक रहा. रोजगार नहीं है और गांव में युवा नहीं है. यात्रा के दौरान मालूम हुआ कि सभी युवा कहीं ना कहीं रोजगार के लिए गये है.
26 फरवरी तक पटना जिला में कार्यक्रम करेंगे. लोगों के निवेदन पर कन्हैया कुमार ने नारा बुलंद किए. बेरोजगारी से आजादी,एनआरपी से आजादी , देशी अंग्रेजों के क्रियाकलापों से आजादी आदि नारा बुलंद
किए.उन्होंने कहा कि एनपीआर के लिए आने वालों से 15 लाख देने की मांग करे.पश्चिमी मैनपुरा के पूर्व सरपंच श्रीभगवान यादव ने आज दीघा के धरनार्थियों को संबोधित किये.
आलोक कुमार

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